
ऑफबीट डेस्क। 20 जुलाई का दिन विश्व इतिहास में विज्ञान, राजनीति और मानव उपलब्धियों के लिहाज से बेहद खास माना जाता है। इस तारीख ने दुनिया को वह पल दिया, जब पहली बार किसी इंसान ने चांद की सतह पर कदम रखा।
जानिए 20 जुलाई के इतिहास में दर्ज प्रमुख घटनाएं, महत्वपूर्ण जन्म, पुण्यतिथियां और इस दिन की ऐतिहासिक अहमियत।
विश्व इतिहास में 20 जुलाई की तारीख मानव सभ्यता की सबसे बड़ी वैज्ञानिक उपलब्धियों में से एक की साक्षी है। इसी दिन वर्ष 1969 में अमेरिकी अंतरिक्ष यात्री नील आर्मस्ट्रांग ने चंद्रमा की सतह पर पहला कदम रखकर इतिहास रच दिया। इस उपलब्धि ने चांद को कल्पनाओं और साहित्य की दुनिया से निकालकर वैज्ञानिक उपलब्धि का प्रतीक बना दिया।
अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा का अपोलो-11 मिशन 16 जुलाई 1969 को फ्लोरिडा स्थित जॉन एफ. कैनेडी स्पेस सेंटर से प्रक्षेपित किया गया था। लगभग चार दिन की अंतरिक्ष यात्रा के बाद 20 जुलाई को यान का लूनर मॉड्यूल ईगल चंद्रमा की सतह पर सफलतापूर्वक उतरा।
नील आर्मस्ट्रांग ने चंद्रमा पर कदम रखते हुए दुनिया को वह ऐतिहासिक संदेश दिया, “यह एक व्यक्ति का छोटा-सा कदम है, लेकिन मानवता के लिए एक बहुत बड़ी छलांग है।” उनके साथ अंतरिक्ष यात्री बज़ एल्ड्रिन भी चंद्रमा की सतह पर उतरे, जबकि माइकल कॉलिन्स कमांड मॉड्यूल में चंद्रमा की कक्षा में ही रहे।
अपोलो-11 का लूनर मॉड्यूल करीब 21 घंटे 31 मिनट तक चंद्रमा की सतह पर रहा। इस दौरान अंतरिक्ष यात्रियों ने वैज्ञानिक प्रयोग किए, चंद्रमा की मिट्टी और चट्टानों के नमूने एकत्र किए तथा कई महत्वपूर्ण उपकरण स्थापित किए, जिनसे चंद्रमा के बारे में नई जानकारियां प्राप्त हुईं।
अपोलो-11 मिशन को अंतरिक्ष विज्ञान की सबसे बड़ी उपलब्धियों में गिना जाता है। इसने न केवल अमेरिका को अंतरिक्ष दौड़ में ऐतिहासिक बढ़त दिलाई, बल्कि मानव अंतरिक्ष अन्वेषण के नए युग की भी शुरुआत की। आज भी 20 जुलाई का दिन विज्ञान, तकनीक और मानव साहस के प्रतीक के रूप में पूरी दुनिया में याद किया जाता है।
महत्वपूर्ण घटनाचक्र
1296 – अलाउद्दीन खिलजी ने स्वयं को दिल्ली का सुल्तान घोषित किया।
1654 – आंग्ल-पुर्तगाल संधि के तहत पुर्तगाल इंग्लैंड के अधीन हुआ।
1810 – बोगोटा, न्यू ग्रेनेडा (अब कोलंबिया) के नागरिकों ने खुद को स्पेन से अलग कर स्वतंत्र घोषित किया।
1847 – जर्मनी के खगोलशास्त्री थियोडोर ने धूमकेतु ब्रोरसेन-मेटकॉफ की खोज की।
1903 – फोर्ड मोटर कंपनी ने अपनी पहली कार बाजार में उतारी।
1951 – जॉर्डन के शाह अब्दुल्ला प्रथम यरुशलम में हमले में मारे गये।
1956 – फ्रांस ने ट्यूनीशिया को स्वतंत्र देश घोषित किया।
1969 – नील आर्मस्ट्रांग के रूप में मानव ने चंद्रमा की सतह पर पहला कदम रखा।
1997 – तिस्ता नदी के जल बंटवारे पर भारत-बांग्लादेश में समझौता।
1999 – यू.आर. राव (भारत) ‘यूनिस्पेस-3’ (अंतरिक्ष सम्मेलन) के अध्यक्ष निर्वाचित, स्पेन में प्रथम बौद्ध स्तूप का उद्घाटन।
2002 – उत्तर व दक्षिण कोरिया ने आपस में वायुयान सेवा की शुरुआत की।
2005 – कनाडा में समलैंगिक विवाह को कानूनी मंजूरी। वह ऐसा करने वाला दुनिया का चौथा देश बना।
2007 – पाकिस्तान के सर्वोच्च न्यायालय ने मुशर्रफ सरकार द्वारा बर्खास्त किये गए मुख्य न्यायाधीश इफ्तिखार चौधरी को पद पर पुन: बहाली का निर्णय दिया।
2008 – अमेरिकी विदेशमंत्री कोंडलिजा राइस ने भारतीय अमेरिकी डॉक्टर जयन्त पाटिल के प्रत्यर्पण को मंजूरी दी।
2017- रामनाथ कोविन्द, भारत के 14वें राष्ट्रपति निर्वाचित हुए।
जन्म
1989 – अरूणिमा सिन्हा – माउंट एवरेस्ट फतह करने वाली पहली भारतीय दिव्यांग महिला।
1969 – कलिखो पुल – अरुणाचल प्रदेश के भूतपूर्व मुख्यमंत्री थे।
1950 – नसीरुद्दीन शाह – भारतीय सिनेमा के प्रसिद्ध अभिनेता।
1939 – बी. डी. मिश्रा – भारतीय सेना के ब्रिगेडियर, जिन्होंने अरुणाचल प्रदेश के राज्यपाल का पदभार सम्भाला है।
1929 – राजेंद्र कुमार – हिन्दी फिल्मों के प्रसिद्ध सदाबहार अभिनेता।
1921 – सामता प्रसाद – प्रसिद्ध भारतीय शास्त्रीय संगीतकार तथा तबला वादक थे।
1920 – गुलाम मोहम्मद शाह – जम्मू और कश्मीर के भूतपूर्व आठवें मुख्यमंत्री थे।
1820 – गणेश वासुदेव जोशी – सार्वजनिक कार्यकर्ता।
1811 – लॉर्ड एलगिन प्रथम – लॉर्ड कैनिंग के बाद भारत के वायसराय बनकर आये थे।
निधन
1914 – बालकृष्ण भट्ट – आधुनिक हिन्दी साहित्य के शीर्ष निर्माताओं में से एक।
1920 – शारदा देवी – रामकृष्ण परमहंस की जीवन संगिनी थीं।
1922 – चन्द्रनाथ शर्मा – असम राज्य के प्रथम असहयोगी और असम में कांग्रेस के संस्थापकों में से एक।
1965 – बटुकेश्वर दत्त – भारत के प्रसिद्ध क्रांतिकारियों में से एक थे।
1966 – अन्ना चांडी – भारत की पहली महिला न्यायाधीश थीं।
1972 – गीता दत्त – प्रसिद्ध पार्श्वगायिका।
1978 – दक्षिणानी वेलायुधन – भारतीय संविधान को बनाने में सहयोग देने वाली महिलाओं में से एक थीं।
1982 – मीरा बेन – एक ब्रिटिश सैन्य अधिकारी की पुत्री, जिन्होंने ‘भारतीय स्वतंत्रता संग्राम’ में महात्मा गाँधी के सिद्धांतों से प्रभावित होकर खादी का प्रचार किया।
2016 – हाशिम अंसारी – अयोध्या-बाबरी मस्जिद भूमि विवाद के मुख्य पैरोकार थे।
2019 – शीला दीक्षित – केरल की पूर्व राज्यपाल एवं दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री।
इसे भी पढ़ें………
मरम्मत के नाम पर मुसीबत! बरसात में सड़क पर डलवाई मिट्टी, दलदल बना प्रमुख मार्ग

