
बलरामपुर, विष्णु पांडेय। छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले में डीजल और पेट्रोल की संभावित कमी को लेकर हलचल तेज हो गई है। पेट्रोलियम डीलर्स ने प्रशासन को चेताते हुए कहा है कि यदि समय रहते आपूर्ति नहीं बढ़ाई गई, तो परिवहन, कृषि और औद्योगिक गतिविधियों पर व्यापक असर पड़ सकता है।
बलरामपुर जिले में डीजल एवं पेट्रोल की आपूर्ति को लेकर उठ रही चिंताओं के बीच पेट्रोलियम डीलर्स ने शुक्रवार को रामानुजगंज एसडीएम आनंदराम नेताम को ज्ञापन सौंपकर तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। डीलर्स का कहना है कि वर्तमान में ईंधन की सप्लाई अत्यंत सीमित हो गई है, जिससे जिले के अधिकांश पेट्रोल पंप “ड्राई” होने की कगार पर पहुंच गए हैं।
ज्ञापन में डीलर्स ने स्पष्ट किया है कि बलरामपुर एक महत्वपूर्ण कोयला उत्पादक क्षेत्र है, जहां संचालित खदानों से कोयला परिवहन के लिए बड़ी संख्या में ट्रकों का उपयोग होता है। डीजल की कमी के कारण इन ट्रकों का संचालन प्रभावित हो सकता है, जिससे पावर प्लांट्स तक कोयले की आपूर्ति बाधित होने और विद्युत उत्पादन पर असर पड़ने की आशंका है।
इसके अलावा, जिले में कृषि कार्यों के लिए भी डीजल की भारी आवश्यकता होती है। किसानों द्वारा सिंचाई और अन्य गतिविधियों में डीजल का व्यापक उपयोग किया जाता है। मौजूदा स्थिति में ईंधन की कमी से कृषि कार्य प्रभावित होने लगे हैं, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है।


डीलर्स ने यह भी आरोप लगाया कि ऑयल मार्केटिंग कंपनियां आईओसीएल, बीपीसीएल और एचपीसीएल द्वारा पर्याप्त मात्रा में ईंधन की आपूर्ति नहीं की जा रही है, जिससे यह संकट उत्पन्न हुआ है। वर्तमान समय में खेती, ट्रांसपोर्टिंग, ठेकेदारी, राइस मिलिंग और शादी-विवाह जैसे कार्य चरम पर हैं, जिससे ईंधन की मांग में अचानक वृद्धि हुई है।

वहीं, इस पूरे मामले पर रामानुजगंज के अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) आनंदराम नेताम ने कहा कि पेट्रोलियम डीलर्स द्वारा ज्ञापन प्राप्त हुआ है। डीलर्स ने ईंधन टैंकरों की कमी का हवाला देते हुए अतिरिक्त टैंकर की मांग की है। हालांकि, उन्होंने स्पष्ट किया कि फिलहाल आम जनता की ओर से ईंधन की कमी को लेकर कोई औपचारिक शिकायत प्राप्त नहीं हुई है।
एसडीएम ने आश्वस्त किया कि प्रशासन इस मुद्दे पर नजर बनाए हुए है और यह सुनिश्चित किया जाएगा कि आम लोगों को ईंधन की आपूर्ति बाधित न हो। साथ ही डीलर्स की मांग को उच्च अधिकारियों तक पहुंचाया जाएगा, ताकि भविष्य में किसी संभावित संकट से बचा जा सके।
उल्लेखनीय है कि, फिलहाल प्रशासन और डीलर्स के बीच इस मुद्दे को लेकर सक्रियता बढ़ गई है, लेकिन आने वाले दिनों में ईंधन आपूर्ति की स्थिति किस दिशा में जाती है, इस पर सभी की नजर टिकी हुई है।
इसे भी पढ़ें……………..
रामगढ़ ज्वेलरी डकैती का पर्दाफाश: दो महिलाओं समेत 7 गिरफ्तार, 180 से अधिक जेवर बरामद

