
बलरामपुर। जिले के कोरंधा थाना क्षेत्र में अवैध अफीम की खेती के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए चौथे आरोपित को झारखंड से गिरफ्तार किया है। एंड-टू-एंड विवेचना के दौरान अफीम की खरीद-बिक्री से जुड़े अंतरराज्यीय नेटवर्क का खुलासा हुआ है।
बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के थाना कोरंधा क्षेत्र अंतर्गत ग्राम तुरीपानी खजूरी में अवैध मादक पदार्थ अफीम की खेती के मामले में पुलिस को विवेचना के दौरान महत्वपूर्ण सफलता मिली है। इस प्रकरण में झारखंड के चतरा जिले से अफीम की खरीद-बिक्री करने वाले चौथे आरोपित को आज गिरफ्तार किया गया है।
पुलिस के अनुसार, यह मामला अपराध क्रमांक 04/2026 धारा 8/18 एनडीपीएस एक्ट से संबंधित है, जिसमें बीते माह की गई कार्रवाई के दौरान दो आरोपितों को मौके से गिरफ्तार किया गया था।
मामले की शुरुआत 12 मार्च 2026 को मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर हुई थी, जिसमें ग्राम तुरीपानी खजूरी में सहादुर नगेशिया और दुईला नगेशिया द्वारा अवैध रूप से अफीम की खेती किए जाने की जानकारी मिली थी। सूचना की तस्दीक के बाद पुलिस व संयुक्त टीम ने मौके पर पहुंचकर छापेमारी की, जहां खेत में अफीम की फसल पाई गई। मौके से दोनों आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया गया था।
कार्रवाई के दौरान अफीम के पौधों को जड़, तना, पत्ती, फूल और फल सहित उखाड़कर जब्त किया गया। कुल 1883.76 किलोग्राम अफीम बरामद हुई, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 2 करोड़ रुपये आंकी गई थी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने एंड-टू-एंड विवेचना और फाइनेंशियल एंगल से जांच शुरू की। जांच के दौरान यह तथ्य सामने आया कि झारखंड के चतरा जिले निवासी भूपेंद्र उरांव द्वारा स्थानीय लोगों को अधिक मुनाफे का लालच देकर उनके खेतों में अफीम की खेती कराई जा रही थी। इस आधार पर भूपेंद्र उरांव को 15 मार्च 2026 को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया था।
पूछताछ में भूपेंद्र उरांव ने खुलासा किया कि अफीम की बिक्री झारखंड के ही राजन यादव को की जाती थी। इसके बाद पुलिस ने राजन यादव की तलाश शुरू की, जो लगातार अपनी लोकेशन बदलकर पुलिस को चकमा दे रहा था।
आखिरकार 9 अप्रैल 2026 को पुलिस टीम को उसकी सटीक लोकेशन मिलने पर राजन यादव (38 वर्ष), निवासी ग्राम चाया, थाना कुंदा, जिला चतरा (झारखंड) को गिरफ्तार कर छत्तीसगढ़ लाया गया।
पुलिस ने आरोपित को न्यायिक रिमांड पर न्यायालय में पेश किया है। मामले में आगे की विवेचना जारी है और इस नेटवर्क से जुड़े अन्य कड़ियों की भी जांच की जा रही है।
इसे भी पढ़ें……………

