Close Menu
Offbeat News Offbeat News
    🔴 OFFBEAT LATEST NEWS

    इतिहास के पन्नों में 06 अगस्त : जिस दिन भारत में जन्मी थी पहली टेस्ट ट्यूब बेबी, चिकित्सा विज्ञान में खुला नई उम्मीदों का रास्ता

    August 5, 2026

    Rashifal 6 August 2026 : किस राशि के खुलेंगे तरक्की के रास्ते, किसे रहना होगा सावधान? जानिए मेष से मीन तक का हाल

    August 5, 2026

    कैंसर पीड़िता को मुख्यमंत्री स्वेच्छानुदान से मिली एक लाख की सहायता, इलाज में मिलेगी राहत

    August 5, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube WhatsApp
    Offbeat News Offbeat News
    Trending
    • इतिहास के पन्नों में 06 अगस्त : जिस दिन भारत में जन्मी थी पहली टेस्ट ट्यूब बेबी, चिकित्सा विज्ञान में खुला नई उम्मीदों का रास्ता
    • Rashifal 6 August 2026 : किस राशि के खुलेंगे तरक्की के रास्ते, किसे रहना होगा सावधान? जानिए मेष से मीन तक का हाल
    • कैंसर पीड़िता को मुख्यमंत्री स्वेच्छानुदान से मिली एक लाख की सहायता, इलाज में मिलेगी राहत
    • छत्तीसगढ़ में AI से लेकर सड़क और बिजली तक बड़ा बदलाव, कैबिनेट के फैसलों में छिपी भविष्य की बड़ी तैयारी
    • जेपीएससी-जेएसएससी आंदोलन: सरकार ने छात्रों को वार्ता के लिए बुलाया, मुख्यमंत्री आवास जाने से किया इनकार
    • झारखंड के 18 जिलों में सामान्य से कम बारिश, छह जिलों में ही सामान्य वर्षा; 6 अगस्त को ऑरेंज अलर्ट
    • Update : सोनम वांगचुक की अपील पर देवेंद्र नाथ महतो ने तोड़ा निर्जला अनशन, आंदोलन रहेगा जारी
    • जेपीएससी-जेएसएससी भर्ती आंदोलन: सोनम वांगचुक ने वीडियो कॉल पर देवेंद्र नाथ महतो का बढ़ाया हौसला
    Facebook X (Twitter) Instagram
    • 🏠 Home
    • 🚨 Crime
    • 🇮🇳 National
    • 🎓 Education
    • 🎬 Entertainment
    • ❤️ Health
    • 🌿 Life
    • 📍 State
    • 🔥 Offbeat
    • 🏛️ Politics
    • 💼 Business
    • 💰 Finance
    • 💻 Tech
    • 🏏 Sports
    • 🔐 Login
    Offbeat News Offbeat News
    🟠
    • 🏠 Home
    • 🚨 Crime
    • 🇮🇳 National
    • 🎓 Education
    • 🎬 Entertainment
    • ❤️ Health
    • 🌿 Life
    • 📍 State
    • 🔥 Offbeat
    • 🏛️ Politics
    • 💼 Business
    • 💰 Finance
    • 💻 Tech
    • 🏏 Sports
    • 🔐 Login
    Home»State»पाठ्यक्रमों में अतिप्राचीन भारतीय ज्ञान परंपरा को समाहित करने की जरूरत : डॉ सिद्दिकी
    State

    पाठ्यक्रमों में अतिप्राचीन भारतीय ज्ञान परंपरा को समाहित करने की जरूरत : डॉ सिद्दिकी

    गौतम बुद्ध शिक्षक प्रशिक्षण महाविद्यालय में नेशनल सेमिनार संपन्न, दो दिनों के मैराथन चिंतन और वक्तव्यों के मंथन से देश के कई विद्वतजनों ने निकाला निष्कर्ष, हाइयर एजुकेशन के पाठ्यक्रमों में शामिल हो नई विचारधाराएं और पौराणिक ज्ञान पद्धति की ओर लौटने पर शोध
    Offbeat NewsBy Offbeat NewsDecember 23, 2023Updated:December 23, 2023
    Facebook Twitter WhatsApp Threads
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn Email WhatsApp

    हजारीबाग, अमरनाथ पाठक। गौतम बुद्ध शिक्षक प्रशिक्षण महाविद्यालय मुकुंदगंज, हजारीबाग में आयोजित दो दिवसीय नेशनल समारोह का समापन शनिवार को राष्ट्रगान के साथ हो गया। दो दिनों के मैराथन चिंतन और वक्तव्यों के मंथन से देश के कई विद्वतजनों ने निष्कर्ष निकाला कि भारतीय परंपरा के संवर्द्धन में उच्च शिक्षा संस्थानों की अहम भूमिका है। हाइयर एजुकेशन के पाठ्यक्रमों में नई विचारधाराएं और पौराणिक ज्ञान पद्धति की ओर लौटने पर शोध जरूरी है। समापन समारोह के मुख्य अतिथि विभावि के सेवानिवृत्त रजिस्ट्रार और बॉटनी के रिटायर्ड प्रोफेसर डॉ. इनाम नबी सिद्दिकी ने कहा कि पाठ्यक्रमों में अतिप्राचीन भारतीय ज्ञान परंपरा को समाहित करने जरूरत है।

    उन्होंने पावर प्रेजेंटेशन के माध्यम से इंडियन नॉलेज सिस्टम की रूप-रेखा का विस्तार से वर्णन किया। साथ ही बताया कि अंग्रेजियत की गुलामी मानसिकता से खुद को आजाद कर भारत की मूल भाषा संस्कृत की ओर मुखातिब होना होगा। गुजरे जमाने में समृद्ध भारत की अतिप्राचीन संस्कृत समेत अन्य देशज भाषा, ज्ञान और पद्धति की ओर लौटना होगा। उन्होंने इसे स्कूल की प्रारंभिक पढ़ाई से लेकर यूनिवर्सिटी तक के अध्ययन में लाने पर जोर दिया। उन्होंने पद्मश्री सुभाष पालेकर के जीरो बजट फार्मिंग, स्वामी विवेकानंद, कवि मैथिलीशरण गुप्त, अलबिरुनी, डॉ मो. इकबाल समेत कई मनीषियों के उदाहरण भी प्रस्तुत किए।

    WhatsApp Group Join Now
    Facebook Page Follow Us

    प्राचीन भारतीय ज्ञान परंपरा को पुन: प्राप्त करना बड़ी चुनौती : प्रोफेसर डॉ योगेंद्र पांडेय

    आक्यूएसी की ओर से आयोजित नेशनल सेमिनार के टेक्नीकल सेशन में बीएचयू फैकल्टी ऑफ एजुकेशन के प्रोफेसर डॉ. योगेंद्र पांडेय ने कहा कि प्राचीन भारतीय ज्ञान परंपरा काफी समृद्ध रही है। इसे फिर से प्राप्त करना ही राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 का उद्देश्य है। यह बड़ी चुनौती है। हमें गुरुकुल शिक्षा पद्धति को अपनाना होगा, जो कालांतर से हम भूलते चले जा रहे हैं। पाश्चात्य की ज्ञान अवधारणा कभी स्पष्ट नहीं रही है। चूंकि वह उपभोग आधारित शिक्षा रही है। भारतीय ज्ञान परंपरा त्याग आधारित शिक्षा है। ज्ञान के सृजन के लिए अंग्रेजी और दूसरों का अनुकरण छोड़ खुद की कल्पना को साकार करना होगा और संस्कृत भाषा की ओर लौटना होगा। एनईपी-2020 का उद्देश्य विद्यार्थियों को वैश्विक नागरिक बनाना है, लेकिन इसे सार्थक करना बड़ी चुनौती भी है।

    भारत को पुन: विश्वगुरु बनने में उच्च शिक्षा संस्थानों को निभानी होगी बड़ी भूमिका : डॉ रुखैयार

    डॉ बंशीधर प्रसाद रूखैयार

    विनोबाभावे विश्वविद्यालय हजारीबाग के पूर्व रजिस्ट्रार डॉ बंशीधर प्रसाद रूखैयार ने कहा कि दुनिया का पहला विश्वविद्यालय तक्षशीला जो भारत में था। भारत ने सदियों पहले विश्व को हर क्षेत्र में ज्ञान दिया। लेकिन विदेशी शासकों ने उस ज्ञान को खत्म कर दिया। हमें उस खोए हुए ज्ञान को प्राप्त कर पुन: विश्वगुरु बनने की ओर अग्रसर होना होगा। इसमें उच्च शिक्षा संस्थानों को अग्रणी भूमिका निभाने की जरूरत है। उन्होंने भारतीय इतिहास के कई अनछुए पहलुओं को अपने वक्तव्यों में समाहित किया। साथ ही कहा कि एनईपी-2020 को जमीनी अमलीजामा पहनाने में हर भारतीय को सहयोग करने की जरूरत है। पूरी दुनिया को भारत की उस अतीत परंपरा से अवगत कराना होगा। उन्होंने गुरु-शिष्य के पौराणिक संबंधों को भी वर्तमान में फलीभूत करने पर बल दिया।

    भारत के गौरव ज्ञान को पूरी विश्वसनीयता के साथ संपूर्ण विश्व में बिखेरना होगा : डॉ. मृत्युंजय प्रसाद

    विभावि डिपार्टमेंट ऑफ एजुकेशन के डॉ. मृत्युंजय प्रसाद ने कहा कि भारत की अतिप्राचीन परंपरा और उसमें समाहित ज्ञान-विज्ञान के प्रति फैलाई गई भ्रांतियों को खत्म करना होगा। वेद-पुराण धार्मिक ग्रंथ नहीं विज्ञान है। इसे समझना और दुनिया को भी समझाना होगा। अंग्रेजों की ओर से कुंठित कर दी गई मानसिकता को बदल भारत के गौरव ज्ञान को पूरी विश्वसनीयता के साथ संपूर्ण विश्व में बिखेरना होगा। संस्कृत में विज्ञान की भाषा समाहित है, इसे स्वीकार करना होगा। खत्म हो चुकी भारतीय प्राचीन परंपरा की चेतना को जागृत कर उसे भावी पीढ़ी के ज्ञान में समाहित करना होगा। इसमें शिक्षण संस्थानों को भी अपनी भूमिका तलाशनी होगा, तभी भारत एक बार फिर जगत गुरु बन सकता है।

    ज्ञान से ही ऊंचाइयों को छुआ जा सकता है : मनोज कुमार

    अतिथि परिचय और विषय प्रवेश कराते हुए गौतम बुद्ध शिक्षक प्रशिक्षण महाविद्यालय प्रबंधन समिति के उपाध्यक्ष मनोज कुमार ने कहा कि ज्ञान से ही ऊंचाइयों को छुआ जा सकता है। ऐसे में भारतीय ज्ञान परंपरा के संवर्द्धन में शिक्षण संस्थानों और शिक्षकों को बेहतर भूमिका निभाने की जरूरत है।

    अतिथियों को किया गया सम्मानित

    मुख्य अतिथि डॉ इएन सिद्दिकी को सम्मानित करते कॉलेज प्रबंधन समिति के उपाध्यक्ष मनोज कुमार

    कॉलेज के विवेकानंद सभागार में जेएनयू के स्कूल ऑफ संस्कृत और इंडिक स्टडीज के डीन प्रोफेसर डॉ. संतोष कुमार शुक्ल की अध्यक्षता में आयोजित दूसरे दिन के सेमिनार में मंचासीन अतिथियों को कॉलेज प्रबंधन समिति के उपाध्यक्ष मनोज कुमार, सचिव मिथिलेश मिश्र, प्राचार्य डॉ अरविंद कुमार यादव, मंच संचालिका सह आईक्यूएसी की समन्वयक डॉ बसुंधरा कुमारी, कुमारी अंजलि, सहायक प्राध्यापिका डॉ पुष्पा कुमारी, डॉ दीपमाला, रचना कुमारी आदि ने शॉल व मोमेंटो भेंट कर सम्मानित किया।

    इससे पहले अतिथियों ने भगवान बुद्ध की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। सेमिनार में उज्ज्वल भारत ट्रस्ट के उपाध्यक्ष अजय सिंह, मार्खम कॉलेज ऑफ कॉमर्स के प्राध्यापक डॉ गजेंद्र सिंह, रिटायर्ड एडीएम जामुनीकांत, राजकीय बालिका उच्च विद्यालय के सेवानिवृत्त प्रधानाध्यापक डॉ. राम इकबाल यादव, वरिष्ठ पत्रकार डॉ पी. मिश्र, आईबीसीएन के कार्यकर्ता डॉ मुरारी सिंह समेत कॉलेज के सभी सहायक प्राध्यापक और प्रशिक्षु मौजूद थे।

    ये भी पढ़िए…….

    गढ़वा में गजराजों ने जमकर मचाया उत्पात, महिला को कुचलकर मार डाला, चार घर किये ध्वस्त

    Post Views: 1,086
    हजारीबाग न्यूज़
    Share. Facebook Twitter LinkedIn Email WhatsApp
    Previous Articleगढ़वा में गजराजों ने जमकर मचाया उत्पात, महिला को कुचलकर मार डाला, चार घर किये ध्वस्त
    Next Article बलरामपुर जिले के बगरा धान खरीदी केन्द्र में किसानों से पैसे लेने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल
    Offbeat News
    • Website

    ऑफबीट न्यूज़ वर्ष 2022 से एक स्वतंत्र और भरोसेमंद डिजिटल न्यूज़ प्लेटफॉर्म के रूप में सुधि पाठकों की सेवा कर रहा है। यह झारखंड, छत्तीसगढ़ सहित देश के विभिन्न राज्यों की अहम, जमीनी और ऑफबीट खबरें निष्पक्षता के साथ प्रस्तुत करता है। ऑफबीट न्यूज़ का उद्देश्य जनहित से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता देना और सच्ची पत्रकारिता को मजबूत करना है। इसके सीनियर एडिटर डॉक्टर अमरनाथ पाठक और रेजिडेंट एडिटर विष्णु पांडेय हैं, जिनके पास दशकों का पत्रकारिता अनुभव है। अनुभव, विश्वसनीयता और जनपक्षधर सोच के साथ ऑफबीट न्यूज़ लगातार पाठकों का भरोसा जीत रहा है।

    Related Posts

    ट्रायल के दौरान धराशाई हुआ रोहतासगढ़ रोपवे

    December 26, 2025

    झारखंड कैडर के 10 आईपीएस को लेवल 12 वेतनमान में प्रोन्नति

    January 13, 2025

    रामानुजगंज: विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के शौर्य संचलन में उमड़ा सनातनियों का जनसैलाब

    December 24, 2024

    एबीवीपी ने छेड़खानी मामले को लेकर डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी विवि प्रशासन से की कार्रवाई की मांग

    December 19, 2024
    Add A Comment
    Leave A Reply Cancel Reply

    Latest News

    इतिहास के पन्नों में 06 अगस्त : जिस दिन भारत में जन्मी थी पहली टेस्ट ट्यूब बेबी, चिकित्सा विज्ञान में खुला नई उम्मीदों का रास्ता

    August 5, 2026

    Rashifal 6 August 2026 : किस राशि के खुलेंगे तरक्की के रास्ते, किसे रहना होगा सावधान? जानिए मेष से मीन तक का हाल

    August 5, 2026

    कैंसर पीड़िता को मुख्यमंत्री स्वेच्छानुदान से मिली एक लाख की सहायता, इलाज में मिलेगी राहत

    August 5, 2026

    छत्तीसगढ़ में AI से लेकर सड़क और बिजली तक बड़ा बदलाव, कैबिनेट के फैसलों में छिपी भविष्य की बड़ी तैयारी

    August 5, 2026
    Latest Posts
    Featured

    देश में अबतक 56 करोड़ से ज्यादा लोगों को लगी वैक्सीन, पिछले 24 घंटे में 55 लाख से ज्यादा लोगों को लगा टीका

    October 27, 2022

    Offbeat News is dedicated to delivering fresh perspectives, unheard stories, and credible journalism that keeps you informed and inspired.

    We're social. Connect with us:

    Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest YouTube
    Quick Links
    • Home
    • Sports
    • Health
    Follow Us
    • Facebook
    • WhatsApp
    Recent Post
    • इतिहास के पन्नों में 06 अगस्त : जिस दिन भारत में जन्मी थी पहली टेस्ट ट्यूब बेबी, चिकित्सा विज्ञान में खुला नई उम्मीदों का रास्ता
    • Rashifal 6 August 2026 : किस राशि के खुलेंगे तरक्की के रास्ते, किसे रहना होगा सावधान? जानिए मेष से मीन तक का हाल
    • कैंसर पीड़िता को मुख्यमंत्री स्वेच्छानुदान से मिली एक लाख की सहायता, इलाज में मिलेगी राहत
    • छत्तीसगढ़ में AI से लेकर सड़क और बिजली तक बड़ा बदलाव, कैबिनेट के फैसलों में छिपी भविष्य की बड़ी तैयारी
    • जेपीएससी-जेएसएससी आंदोलन: सरकार ने छात्रों को वार्ता के लिए बुलाया, मुख्यमंत्री आवास जाने से किया इनकार
    © 2026 Designed by offbeatnews.in | An MSME-Registered News Portal

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.