
बलरामपुर। सनातन धर्म से जुड़े मुद्दों को लेकर राजनीतिक बयानबाज़ी तेज होती जा रही है। इसी कड़ी में आज रविवार काे भारतीय जनता युवा मोर्चा ने प्रदेश के कई जिलों में एक साथ प्रदर्शन कर आक्रोश व्यक्त किया। बलरामपुर में भी युवा मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने नारेबाज़ी और पुतला दहन के जरिए अपना विरोध दर्ज कराया।
भारतीय जनता युवा मोर्चा ने आज प्रदेशभर में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के खिलाफ पुतला दहन किया। प्रदर्शन का कारण सनातन धर्म और साधु-संतों को लेकर दिए गए कथित आपत्तिजनक बयानों को बताया गया। बलरामपुर में हुए कार्यक्रम में बड़ी संख्या में युवा कार्यकर्ता शामिल हुए।
भाजयुमो जिलाध्यक्ष मंगलम पाण्डेय ने कहा कि कांग्रेस के कई नेता लंबे समय से सनातन परंपरा और धार्मिक आस्थाओं पर सवाल उठाते रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि यह विरोध किसी सोची-समझी रणनीति का हिस्सा है। पाण्डेय ने अंतरराष्ट्रीय कथावाचक प्रदीप मिश्रा और धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के विरोध को इसी मानसिकता से जोड़कर देखा।
राम और रामसेतु को लेकर बयान पर आपत्ति
कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने कहा कि रामसेतु और भगवान राम को लेकर पूर्व में दिए गए बयानों से धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। उनका कहना था कि राम मंदिर निर्माण के बाद भी कांग्रेस नेतृत्व का दूरी बनाए रखना जनता के लिए कई सवाल खड़े करता है।
साधु-संतों के सम्मान की बात
भाजयुमो नेताओं ने कहा कि देशभर में शिव-भक्ति और धार्मिक आयोजनों में लोगों की भागीदारी यह दिखाती है कि सनातन परंपरा समाज की जड़ों में रची-बसी है। साधु-संतों और धार्मिक कथावाचकों के योगदान को कमतर आंकने वालों को सनातन पर बोलने का अधिकार नहीं है।
कार्यक्रम में मौजूद रहे कार्यकर्ता
पुतला दहन के दौरान विजय प्रताप सिंह, जगनारायण सिंह, अमित सिंह, नंदकिशोर गुप्ता, विक्रम गुप्ता, प्रमत मलिक, विकास यादव, कुणाल गुप्ता, अमित वाला सहित अनेक कार्यकर्ता मौजूद रहे। सभी ने एकजुट होकर सनातन परंपरा के समर्थन का संकल्प दोहराया।
ये भी पढ़िए………….
डिग्री पैजामे की जेब में! झाड़फूंक से इलाज, रामानुजगंज में अंधविश्वास का खुला कारोबार
